
![]()
रेजिडेंट ईविल 2026 एक नई डरावनी कहानी के साथ लौटती है। खौफनाक जीवों, रैकून सिटी और 90 के दशक की कॉमिक्स की यादों से जुड़ा कॉमिक्स बाइट का फिल्म रिव्यू। (Resident Evil 2026 brings a new horror story to Raccoon City, packed with terrifying creatures, survival horror moments and a nostalgic connection to 90s Indian comics.)
काफी समय से रेजिडेंट ईविल देखने का इंतजार था और आखिरकार यह मौका मिला। 18 सितंबर 2026 को रिलीज हुई यह फिल्म भारत में सीमित सिनेमाघरों और कम प्रदर्शनों के साथ आई है। रेजिडेंट ईविल नाम सुनते ही 2002 की वह फिल्म याद आती है, जिसे भारत में ‘मौत का बुलावा’ नाम से प्रचारित किया गया था। मिला जोवोविच की ऐलिस, अम्ब्रेला कॉरपोरेशन, वायरस, संक्रमित इंसान और खतरनाक जीवों ने उस दौर में इस श्रृंखला की एक अलग पहचान बनाई थी। इसके बाद इस दुनिया पर कई फिल्में बनीं और अब 2026 में यह कहानी एक नए रूप में सामने आई है।

इसके बाद इस फ्रेंचाइज़ी में कई और लाइव-एक्शन और एनिमेटेड फिल्में आईं। 2021 में ‘रेजिडेंट ईविल: वेलकम टू रकून सिटी’ के रूप में एक अलग रिबूट भी आया था। अब 2026 में रेजिडेंट ईविल फिर से एक बिल्कुल नई कहानी के साथ वापस आया है। यह फिल्म निर्दशक ‘जैक क्रेगर’ के निर्देशन में बनी रेजिडेंट ईविल फ्रेंचाइज़ी का नया रिबूट है और इसमें ‘ऑस्टिन अब्राम्स’ ने “ब्रायन” की मुख्य भूमिका निभाई है।
कहानी शुरू होती है एक साधारण डिलीवरी से
इस बार हमारा नायक कोई सुपर-सोल्जर या प्रशिक्षित योद्धा नहीं है। ब्रायन एक मेडिकल कूरियर है, जिसे एक महत्वपूर्ण पैकेज रकून सिटी तक पहुँचाना है। आधिकारिक कहानी भी इसी एक साधारण डिलीवरी को उस भयावह रात के केंद्र में रखती है।

शुरुआत में सब कुछ सामान्य लगता है, लेकिन रास्ते में ब्रायन की मुलाकात एक अजीब महिला से होती है। उसके व्यवहार में कुछ ऐसा है जिससे वह असहज हो जाता है। तभी एक पुलिस अधिकारी वहाँ पहुँचता है और वह ब्रायन की मदद करने की कोशिश करता है।
इसके बाद घटनाएँ इतनी तेजी से बदलती हैं कि ब्रायन को समझने का मौका ही नहीं मिलता कि आखिर हो क्या रहा है। पुलिस की गाड़ी दुर्घटनाग्रस्त हो जाती है। अधिकारी की मौत हो जाती है, लेकिन वह रहस्यमय महिला गायब है। कुछ ही देर बाद वही महिला अचानक गाड़ी के शीशे पर हमला करती दिखाई देती है।
ब्रायन के पास बचाव के लिए पुलिस अधिकारी की रिवॉल्वर है, लेकिन वह उसे ठीक से इस्तेमाल तक नहीं कर पाता। भागते हुए गिरने के दौरान आखिरकार बंदूक चलती है और वह महिला नीचे गिर जाती है।
यहीं से फिल्म धीरे-धीरे अपना असली चेहरा दिखाना शुरू करती है।
ब्रायन की गाड़ी भी ज्यादा देर साथ नहीं देती। वह एक घर में शरण लेने पहुँचता है और वहाँ उसका सामना एक ऐसे संक्रमित कुत्ते से होता है, जिसे देखकर पुराने रेजिडेंट ईविल गेम्स की याद आना स्वाभाविक है। उसके शरीर में हो चुके बदलाव और उसके मुँह से निकलने वाले अजीब टेंटेकल्स फिल्म के बॉडी हॉरर के अंदाज़ को तुरंत स्थापित कर देते हैं।

और फिर आती है वह लड़की।
ब्रायन उसे दोबारा देखता है। वह बंदूक और बाद में शॉटगन की मदद से उससे बचने की कोशिश करता है। लेकिन यहाँ फिल्म एक ऐसा दृश्य देती है जो मुझे खास तौर पर पसंद आया।
क्योंकि यहाँ सिर्फ गोली मार देना ही अंत नहीं है। जब ब्रायन उसका सिर उड़ा देता है, तो शरीर के भीतर से निकलने वाले अजीब टेंटेकल्स दूसरी लाश को अपनी तरफ खींचते हैं और दोनों शरीर एक दूसरे से जुड़ने लगते हैं।
यही वह क्षण है जहाँ फिल्म आपको बता देती है कि यह सिर्फ पुरानी शैली के जाॅम्बीज़ वाली रेजिडेंट ईविल नहीं होने वाली।
यहाँ से शुरू होता है असली सर्वाइवल हाॅरर
रेजिडेंट ईविल की सबसे बड़ी ताकत मेरे लिए इसके शुरुआती हिस्से का डर है।
ब्रायन कोई ऐसा किरदार नहीं है जो अचानक सुपरहीरो बन जाता है। वह डरता है, घबराता है, गलतियाँ करता है और हर नई चीज को देखकर खुद भी समझने की कोशिश करता है कि उसके सामने आखिर है क्या।
यही वजह है कि कई दृश्यों में उसके साथ डर महसूस होता है।
अगर आपने काफी समय से कोई ऐसी हॉरर फिल्म नहीं देखी है जिसमें वातावरण, जीवों की बनावट और अचानक आने वाले दृश्यों का इस्तेमाल आपको असहज करने के लिए किया गया हो, तो रेजिडेंट ईविल आपको अच्छा अनुभव दे सकती है।
फिल्म सिर्फ जम्प स्केयर पर निर्भर नहीं रहती। इसके क्रिएचर्स और बाॅडी हाॅरर इसके डर का बड़ा हिस्सा हैं और यहीं जैक क्रेगर की फिल्म अपने तरीके से रेजिडेंट ईविल के सर्वाइवल हाॅरर मूल को पकड़ती है। फिल्म में सीमित संसाधनों, मिशन जैसी संरचना और लगातार बढ़ते खतरों को वीडियो गेम जैसी संरचना से जोड़ा है जो गेमर्स को भी बहुत पसंद आएगा।
जाॅम्बीज़ से आगे की दुनिया
इस फिल्म में मुझे सबसे दिलचस्प बात यह लगी कि रेजिडेंट ईविल को सिर्फ पुराने जाॅम्बीज़ तक सीमित नहीं रखा गया है।
यहाँ आपको अलग-अलग तरह के संक्रमित जीव और म्यूटेशन देखने को मिलते हैं। क्रिएचर का डिजाइन फिल्म के हॉरर को एक अलग स्तर देता है और कई जगह ऐसा लगता है जैसे आप किसी रेजिडेंट ईविल गेम के अगले क्षेत्र में प्रवेश कर रहे हों।

विशेष प्रभाव और क्रिएचर डिजाईन फिल्म के मजबूत पक्ष हैं। इंडिया टूडे ने भी फिल्म के प्रैक्टिकल डिजाईन्स और विजुअल इफेक्ट्स को इसकी तकनीकी खूबियों में शामिल किया है और यही कारण है कि कुछ दृश्य सिर्फ डराते नहीं हैं, बल्कि देखने में भी बहुत प्रभावशाली लगते हैं।
पर पूरी फिल्म लगातार गंभीर और डरावनी नहीं रहती। बीच-बीच में कुछ हल्के-फुल्के हास्य वाले दृश्य भी आते हैं और कुछ अन्य पात्र फिल्म के तनाव को थोड़ी देर के लिए हल्का करते हैं।
शुरुआत में मुझे लगा था कि कहीं यह हास्य फिल्म के हाॅरर माहौल को खराब न कर दे, लेकिन कई जगह यह संतुलन काम करता है। कुछ समीक्षकों ने भी फिल्म में हाॅरर के साथ काॅमेडी के मिश्रण को नोट किया है। हालाँकि, अगर आप सिर्फ शुद्ध और गंभीर हॉरर चाहते हैं तो आपको कुछ हिस्से थोड़े अलग लग सकते हैं।
रकून सिटी (Raccoon City)
ब्रायन जैसे-जैसे रकून सिटी की ओर बढ़ता है, कहानी का दायरा बढ़ता जाता है।
जिस डिलीवरी को वह शुरुआत में सिर्फ एक काम समझ रहा था, वही उसे एक ऐसे नाईटमेयर में पहुँचा देती है जहाँ संक्रमित लोग, अजीब जीव, रहस्य और लगातार बढ़ता खतरा उसके सामने हैं।

फिल्म की खूबी यह है कि आपको शुरुआत में पूरी जानकारी नहीं दी जाती। ब्रायन की तरह दर्शक भी धीरे-धीरे इस दुनिया को समझता है और रेजिडेंट ईविल के पुराने प्रशंसकों के लिए यह तरीका काफी परिचित महसूस हो सकता है।
रेजिडेंट ईविल गेम से कनेक्शन
मैं खुद रेजिडेंट ईविल को पी3 पीसी के दौर से खेलता आया हूँ। इसलिए फिल्म देखते समय कई छोटी-छोटी चीजें तुरंत गेम की याद दिलाती हैं।
सीमित संसाधन, हथियारों को लेकर तनाव, खतरनाक जीव, एक जगह से दूसरी जगह पहुँचने का लक्ष्य और वह लगातार बना रहने वाला एहसास कि अगली जगह जाने पर कुछ भी हो सकता है।
यही कारण है कि इस फिल्म को देखते हुए मुझे कई बार ऐसा लगा जैसे मैं कोई नया रेजिडेंट ईविल गेम खेल रहा हूँ। कुछ फ्रेम्स में आप लगभग गेम के जैसा ही महसूस करते है।
पुराने खिलाड़ियों के लिए हर्ब और हेल्थ रिकवरी की याद, और नेमेसिस जैसे पुराने खतरों की स्मृति, इस पूरे अनुभव को और खास बना देती है हालाँकि यह फिल्म किसी पुराने गेम की सीधी कहानी नहीं है। यह रेजिडेंट ईविल की दुनिया और सर्वाइवल हाॅरर की भावना को लेकर अपनी अलग कहानी बनाती है।
राज कॉमिक्स के पाठकों के लिए एक मजेदार कनेक्शन
अब यहाँ मैं भारतीय कॉमिक्स के प्रशंसकों के लिए एक खास बात कहना चाहूँगा। फिल्म के कुछ क्रिएचर डिजाईन को देखकर मुझे राज कॉमिक्स की प्रेत अंकल श्रृंखला में आई काॅमिक्स ‘हऊआ’ की याद आ गई।
अगर आपने वह कहानी पढ़ी है तो आपको याद होगा कि प्रेताली एक अजीब क्रिएचर तैयार करती है। जब फिल्म में इस तरह के म्यूटेंट क्रिएचर का डिजाइन सामने आता है, तो मेरे लिए यह 90 के दशक की उस भारतीय कॉमिक्स वाली कल्पना की याद दिलाने वाला क्षण था।

यह कोई आधिकारिक संबंध नहीं है, लेकिन एक भारतीय कॉमिक्स पाठक के रूप में यह समानता देखकर मुझे व्यक्तिगत रूप से बहुत मजा आया। क्योंकि सोच कर देखिए आज से लगभग 3 दशक पहले हम क्या पढ़ रहे थे और शायद यही काॅमिक्स बाइट जैसे प्लेटफॉर्म की खूबसूरती है की एक हॉलीवुड फिल्म देखते हुए अचानक अपनी पुरानी भारतीय कॉमिक्स की याद आ जाना।
क्या रेजिडेंट ईविल 2026 देखने लायक है?
मेरे लिए इसका जवाब बिल्कुल साफ है।
अगर आप हाॅरर के प्रशंसक हैं, अगर आपने रेजिडेंट ईविल के गेम्स खेले हैं, या फिर आपको जाॅम्बीज़, गोर और क्रिएचर हाॅरर पसंद है, तो यह फिल्म आपके लिए काफी मनोरंजक अनुभव हो सकती है।
फिल्म लगभग 93–94 मिनट की है, इसलिए यह अनावश्यक रूप से लंबी भी नहीं होती।
हाँ, इसकी कहानी में कुछ ऐसे फैसले और घटनाएँ हैं जिन पर सवाल उठाए जा सकते हैं। लेकिन मेरे लिए रेजिडेंट ईविल का उद्देश्य यहाँ कोई बहुत जटिल दार्शनिक कहानी सुनाना नहीं है।
यह एक शानदार फिल्म है और उस मोर्चे पर इसने मुझे काफी आनंद दिया।

फिल्म का लेखन, क्रिएचर डिजाईन, विजुअल इफेक्ट्स, साउंड और हाॅरर मोमेंट्स ने मेरे लिए काम किया। दूसरे समीक्षकों की प्रतिक्रिया भी पूरी तरह एक जैसी नहीं रही है, कुछ ने इसके वीडीयो गेम जैसे हाॅरर अनुभव की प्रशंसा की है, जबकि कुछ ने कहानी और लाॅजिक में कमियाँ बताई हैं लेकिन आखिरकार मूवी रिव्यू व्यक्तिगत अनुभव भी होता है।
और मेरा अनुभव?
भाई, काफी समय बाद ऐसी हाॅरर फिल्म देखी जिसमें कई बार सच में रेंगटे खड़े हो गए। अगर रात में अकेले देखने बैठेंगे तो कुछ दृश्य और भी ज्यादा असर कर सकते हैं।
कॉमिक्स बाइट रेटिंग
रेटिंग: 4/5
कुल मिलाकर, रेजिडेंट ईविल 2026 उन दर्शकों के लिए एक अच्छी डरावनी फिल्म है जिन्हें भयावह जीव, संक्रमण, रक्तरंजित दृश्य और जीवित बचने की जद्दोजहद पसंद है। फिल्म बहुत लंबी नहीं है और कई जगह अपने डरावने दृश्यों के कारण प्रभाव छोड़ती है। कहानी में कुछ कमियाँ जरूर हैं, लेकिन भय और जीवों की कल्पना के मामले में फिल्म कई अच्छे क्षण देती है। लंबे समय बाद ऐसी फिल्म देखने को मिली जिसमें कुछ दृश्यों ने वास्तव में रोंगटे खड़े किए। पर यह बच्चों के लिए नहीं हैं, ना संवाद ना दृश्य, सिर्फ वयस्कों के लिए।
और हाँ…
अगर आपने राज कॉमिक्स की ‘हऊआ’ पढ़ी है, तो क्रिएचर डिजाईन के कुछ पलों पर मेरी तरह आपको भी नब्बें का दशक याद आ सकता है। आभार – काॅमिक्स बाइट!!

CONAN THE BARBARIAN EPIC COLLECTION: THE ORIGINAL MARVEL YEARS – OF ONCE AND FUTURE KINGS
